₹100 करोड़ के एडटेक बिजनेस से पहचान बनाने वाले अंकुर वारिकू कौन हैं?
भारत के लोकप्रिय कंटेंट क्रिएटर, लेखक और फिनफ्लुएंसर Ankur Warikoo एक बार फिर चर्चा में हैं। हाल ही में उन्होंने अपने ऑनलाइन कोर्स बिजनेस को बंद करने की घोषणा की, जबकि यह बिजनेस पिछले कुछ वर्षों में ₹100 करोड़ से अधिक की बिक्री कर चुका था। इस फैसले के बाद सोशल मीडिया और बिजनेस जगत में लोग यह जानना चाहते हैं कि आखिर अंकुर वारिकू कौन हैं और उन्होंने इतनी बड़ी डिजिटल पहचान कैसे बनाई।
अंकुर वारिकू भारत के जाने-माने उद्यमी, मोटिवेशनल स्पीकर, लेखक और डिजिटल एजुकेटर हैं। उन्होंने पिछले कई वर्षों में युवाओं के बीच करियर, स्टार्टअप, पर्सनल फाइनेंस और लाइफ स्किल्स से जुड़े कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई है। उनकी ऑनलाइन लर्निंग प्लेटफॉर्म WebVeda और किताब “Make Epic Money” ने उन्हें देश के प्रमुख फिनफ्लुएंसर्स में शामिल कर दिया।
दिल्ली में एक मध्यमवर्गीय कश्मीरी पंडित परिवार में जन्मे अंकुर वारिकू ने अपनी शुरुआती पढ़ाई Don Bosco School से की। इसके बाद उन्होंने University of Delhi के हिंदू कॉलेज से फिजिक्स में ग्रेजुएशन किया। बाद में वह अमेरिका गए और Michigan State University में Astrophysics में पढ़ाई शुरू की, लेकिन बीच में ही पढ़ाई छोड़कर भारत लौट आए। इसके बाद उन्होंने Indian School of Business से MBA किया।
उनका करियर कॉर्पोरेट कंसल्टिंग से शुरू हुआ, लेकिन बाद में उन्होंने स्टार्टअप दुनिया में कदम रखा। वह Groupon India के संस्थापक CEO रहे और बाद में nearbuy के साथ भी जुड़े। हालांकि असली लोकप्रियता उन्हें सोशल मीडिया और डिजिटल कंटेंट के जरिए मिली। उन्होंने युवाओं के लिए करियर, पैसे और जीवन से जुड़े आसान और प्रेरणादायक वीडियो बनाना शुरू किया, जो तेजी से वायरल होने लगे।
अंकुर वारिकू ने WebVeda नाम से एक ऑनलाइन एजुकेशन प्लेटफॉर्म शुरू किया, जहां करियर, कम्युनिकेशन, प्रोडक्टिविटी और पर्सनल फाइनेंस से जुड़े कोर्स उपलब्ध कराए गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस प्लेटफॉर्म ने 2020 से अब तक 5 लाख से ज्यादा छात्रों को जोड़ा और ₹100 करोड़ से अधिक की बिक्री की। कंपनी ने लगभग ₹25 करोड़ का मुनाफा भी कमाया।
हालांकि हाल ही में अंकुर वारिकू ने इस कोर्स बिजनेस को बंद करने की घोषणा कर सभी को चौंका दिया। उन्होंने कहा कि बिजनेस सफल होने के बावजूद अब इसे जारी रखना “सही नहीं लगता।” उनके इस बयान के बाद इंटरनेट पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कुछ लोगों ने इसे साहसी फैसला बताया, जबकि कुछ ने इसे नई रणनीति या मार्केटिंग मूव बताया।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Reddit पर भी इस फैसले को लेकर काफी बहस हुई। कुछ यूजर्स का मानना है कि AI टूल्स और मुफ्त ऑनलाइन जानकारी के बढ़ते प्रभाव ने कोर्स बिजनेस मॉडल को प्रभावित किया है। वहीं कई लोगों ने creator-led education industry की sustainability पर सवाल उठाए।
अंकुर वारिकू केवल कंटेंट क्रिएटर ही नहीं बल्कि bestselling author भी हैं। उनकी किताबें “Do Epic Shit”, “Get Epic Shit Done” और “Make Epic Money” युवाओं के बीच काफी लोकप्रिय रही हैं। खासकर पर्सनल फाइनेंस और self-growth पर उनका कंटेंट बड़ी संख्या में लोगों को आकर्षित करता है। Make Epic Money
रिपोर्ट्स के अनुसार, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर उनकी करोड़ों की audience है और हर महीने उनका कंटेंट करोड़ों लोगों तक पहुंचता है। ब्रांड collaborations, किताबों की बिक्री, ऑनलाइन कोर्स और निवेश उनके प्रमुख आय स्रोत माने जाते हैं।
हालांकि उनकी लोकप्रियता के साथ आलोचनाएं भी जुड़ी रही हैं। Reddit और अन्य सोशल प्लेटफॉर्म्स पर कुछ लोग उनके कोर्स मॉडल और finfluencer culture पर सवाल उठाते रहे हैं। वहीं उनके समर्थकों का कहना है कि उन्होंने लाखों युवाओं को करियर और पैसे को लेकर जागरूक किया है।
कुल मिलाकर, अंकुर वारिकू भारत की creator economy और digital education space का बड़ा चेहरा बन चुके हैं। WebVeda और “Make Epic Money” जैसे प्रोजेक्ट्स ने उन्हें नई पहचान दी, जबकि उनका हालिया बिजनेस बंद करने का फैसला अब देशभर में चर्चा का विषय बना हुआ है।